१.छू ना सकेगी जिसे अब कजा भी, मिटा ना सकेगी जिसे अब बद्दुआ भी,ख़ुशी से भरा वो मंका पा लिया हैं-गीता पाके मैने..
२.दिल ओ जिगर में ख़ुशी भरपूर हैं नैन मूंदे तो नूर ही नूर हैं,खिंजा से परे गुलसिताँ पा लिया हैं -गीता पाके मैने..
३.कहे आज कैसे की क्या पा लिया हैं सोया मुकदर जगा पा लिया हैं,गीता धारी वो मेहरबा पा लिया हैं -गीता पाके मैने..
४.जिये जा रहा हू जिये जा रहा हुँ, हर एक को खुशी मैँ दिये जा रहा हू,प्रभु भक्तो का कारवां पा लिया हैं-गीता पाके मैने..

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